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PM Vishwakarma Yojana : मोदी सरकार का बड़ा कदम – कारीगरों को मिलेगा 3 लाख तक लोन और 15 हजार की टूलकिट सहायता

प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना 2025 के तहत कारीगरों को ₹3 लाख तक का लोन, ₹15,000 टूलकिट सहायता और मुफ्त कौशल प्रशिक्षण का लाभ। अभी आवेदन करें!

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Khabariya junction

Last Updated: October 15, 2025

PM Vishwakarma Yojana

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Published: October 14, 2025

Last Updated: October 15, 2025

PM Vishwakarma Yojana : पीएम विश्वकर्मा योजना भारत सरकार ने पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों को सशक्त बनाने के लिए एक महत्वाकांक्षी योजना की शुरुआत की है, पीएम विश्वकर्मा योजना। इस योजना का उद्देश्य कारीगरों और शिल्पकारों के उत्पादों और सेवाओं की पहुंच के साथ-साथ गुणवत्ता में सुधार करना और यह सुनिश्चित करना है कि ‘विश्वकर्मा’ को घरेलू और वैश्विक मूल्य श्रृंखला में एकीकृत किया जाए।

इसकी घोषणा 1 फरवरी, 2023 को वित्तीय वर्ष 2023-24 के बजट सत्र में की गई। यह योजना माननीय प्रधानमंत्री द्वारा 17 सितंबर, 2023 को शुरू की गई थी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य देश के उन लाखों कारीगरों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना था जो पीढ़ियों से हस्तशिल्प, लकड़ी का काम, बुनाई, कुम्हारी और अन्य पारंपरिक कला को जीवित रखे हुए हैं।

18 व्यवसायों के कारीगरों को मिलेगा लोन

इस योजना के तहत केंद्र सरकार 18 व्यवसायों के कारीगरों को कम ब्याज दर पर विश्वकर्मा ऋण , कौशल प्रशिक्षण और उपकरण खरीदने के लिए प्रोत्साहन सहित कई लाभ प्रदान कर रही है। पीएम विश्वकर्मा योजना अब तक एक बेहद कुशल और प्रभावी सामाजिक कल्याण योजना साबित हुई है। विस्कर्मा योजना 2025 भारत के केंद्र सरकार के सूक्ष्म,लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय (Ministry of Micro, Small and Medium Enterprises) द्वारा शुरू की गयी योजना है,

जिसके अंतर्गत कारीगरों और शिल्पकारों को कौशल प्रशिक्षण के साथ-साथ आधुनिक उपकरण एवं डिजिटल लेनदेन के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। इसके अतिरिक्त कौशल प्रशिक्षण पूरा होने पर प्रमाण पत्र प्रदान किया जाता है। सरकार का उद्देश्य सभी कलाकारों के काम को बढ़ावा देना और उन्हें उन्नत बनाना है।

पीएम विश्वकर्मा योजना की शुरुआत 2023 में ऑनलाइन ‍आवेदन के माध्यम

pmvishwakarma.gov.in से की गई थी। और अक्टूबर 2025 में आवेदन की तिथि को पांच साल के लिए बढ़ा दिया गया है, साथ ही इस योजना के तहत आवेदकों को कुल 15,000 की टूलकिट सहायता राशि भी आवंटित की जाएगी, जिससे उन लोगों को न केवल आर्थिक सहायता मिलेगी बल्कि वह सांस्कृतिक विरासत को भी संरक्षित कर सकेंगे। प्रधान मंत्री वास्तुशिल्प योजना (पीएम विश्वकर्मा योजना) नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई एक बहुत ही महत्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत भारत सरकार की प्रधान मंत्री विश्वकर्मा योजना के तहत कई प्रकार के कलाकारों को ऋण उपलब्ध करवा सकेंगे। वास्तुशिल्प योजना का उद्देश्य कारीगरों और शिल्पकारों को ‘वास्तुकला ‘ के रूप में मान्यता प्रदान करना है, उन्हें योजना के तहत सभी वास्तुशिल्पों के लिए पात्र बनाना है।

योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थी सूची
मूर्तिकार (मूर्तिकार, पत्थर तराशने वाला)
पत्थर तोड़ने वाला
मोची/जूता कारीगर
राजमिस्त्री
बढ़ई
नाव निर्माता
हथियार निर्माता
लोहार
हथौड़ा और टूल किट निर्माता
ताला बनाने वाले सुनार
कुम्हार
नाई
माला बनाने वाले
धोबी
दर्जी टोकरी/चटाई/झाडू निर्माता/कॉयर बुनकर
गुड़िया और खिलौना निर्माता (पारंपरिक)
मछली पकड़ने वाले
जाल का निर्माण करने वाले कारीगर

विश्वकर्मा योजना का उद्देश्य

वास्तुशिल्प योजना का उद्देश्य कारीगरों और शिल्पकारों के वास्तुशिल्प और सेवाओं की गुणवत्ता, पैमाने और पहुंच में सुधार करना है। इस योजना के माध्यम से बुनकरों, सुनारों, आयरनरों, कुम्हार, दर्जी, मूर्तिकार, कपड़े धोने वाले कलाकारों का आर्थिक सशक्तिकरण किया जाएगा। इस योजना का लाभ देश भर में 30 लाख पारंपरिक शिल्पकारों और शिल्पकारों के साथ बुनकरों, सुनारों, आयरनरों, कुम्हार, मूर्तिकारों, मूर्तिकार, कपड़े धोने वाले, मंगनी बनाने वाले और अन्य कई प्रकार के मॉडलों को मिलेगा।

योजना के तहत कारीगर शिल्पकारों को प्रदान किये गए लाभ

. कौशल प्रशिक्षण- इस योजना के तहत लाभार्थी को रोजगार शुरू करने हेतु कौशल प्रशिक्षण दिया जाता है, इसके साथ ही 500 रुपए प्रतिदिन के हिसाब से ट्रेनिंग के दौरान दिए जाते हैं। यह प्रशिक्षण 15 दिनों या उससे अधिक अवधि के दौरान दिया जाता है।

. टूलकिट प्रोत्साहन- इस योजना के तहत बुनियादी कौशल प्रशिक्षण की शुरुआत में ई-वाउचर के रूप में लाभार्थियों को 15,000 रुपए दिए जाते हैं जिससे वह टूलकिट खरीद सकते हैं।

. ऋण सहायता- योजना के तहत कारीगरों को सस्ते ऋण की व्यवस्था भी दी जाती है ताकि लाभार्थी खुद का रोजगार शुरू कर सके। इसके तहत बिना गारंटी के कारीगरों और शिल्पकारों को 3 लाख रुपए तक का लोन देने का प्रावधान किया गया है जिसमें पहले 1 लाख रुपए और फिर 2 लाख रुपए दो किस्तों में 18 महीने और 30 महीने की अवधि के लिए प्रदान किए जाते हैं, जो 5% की ब्याज दर पर भारत सरकार द्वारा और 8% की सीमा तक छूट के साथ दिया जाता है।

. डिजिटल प्रोत्साहन- इस योजना के तहत प्रत्येक डिजिटल भुगतान या रसीद के लिए प्रति डिजिटल लेनदेन एक रुपए की राशि के हिसाब से अधिकतम एक सौ लेनदेन मासिक लाभार्थी के बैंक खाते में जमा किया जाएगा।
. प्रमाण पत्र- लाभार्थी को रोजगार शुरू करने हेतु निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाता है जिसके बाद शिल्पकारों या कारीगरों को पीएम विश्वकर्मा प्रमाण पत्र आईडी कार्ड के साथ एक अलग पहचान दी जाती है।

जरूरी दस्तावेज

आधार कार्ड
पैन कार्ड
पहचान पत्र
जाति प्रमाण पत्र
मूल निवास प्रमाण पत्र
आय प्रमाण पत्र
बैंक पासबुक
पासपोर्ट साइज फोटो
मोबाइल नंबर

पात्रता मानदंड

इस योजना के अंतर्गत विश्वकर्मा समुदाय की 140 से भी अधिक जातियों के उम्मीदवार पात्र हैं। इस योजना के अंतर्गत आवेदन करने वाले व्यक्ति के पास अपना जाति प्रमाण पत्र होना चाहिए। और इस योजना का लाभ सिर्फ भारतीय नागरिकों को ही प्राप्त होगा। साथ ही सरकार के निर्देशानुसार आवेदको की न्यूनतम आयु 18 वर्ष से अधिक होनी चाहिए। और आवेदन करने वाला व्यक्ति या तो कुशल कारीगर या फिर शिल्पकार होना जरूरी है।

ऑनलाइन पंजीकरण

सरकार ने ऑनलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया की शुरुआत की है, जिससे पेपरवर्क की झंझट से बचाव होगा। पंजीकरण पूरी तरह से डिजिटल माध्यम से किया जा सकता है। कारीगरों को आधार कार्ड, बैंक खाता विवरण और अपने व्यवसाय से जुड़े दस्तावेजों की जरूरत होगी। आवेदक को ऑनलाइन पंजीकरण के लिए आधिकारिक वेबसाइट है: “pmvishwakarma.gov.in” पर जाकर “Register” बटन पर क्लिक करना होगा। और यह प्रक्रिया पूरी तरह से सरल है।
√ आवेदक सबसे पहले अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें और OTP से वेरीफाई करे
√ आवेदक अपना व्यक्तिगत विवरण जैसे नाम, पता, जन्मतिथि, आधार नंबर आदि भरें।
√ आवेदक को अपना व्यवसाय विवरण बताना होगा कि आप किस पारंपरिक व्यवसाय से जुड़े हैं, जैसे लकड़ी का फर्नीचर बनाना या कपड़े बुनना।
√ आवेदक अपने दस्तावेजों को जैसे आधार, बैंक पासबुक की स्कैन कॉपी और अगर हो सके तो काम का सैंपल फोटो अपलोड करें।
√ आवेदक सभी प्रक्रिया पूर्ण करने के बाद सब कुछ चेक और सबमिट बटन पर क्लिक करें। आवेदन क्लिक करते ही आपको एक रजिस्ट्रेशन नंबर मिलेगा, जिससे ट्रैकिंग आसान होगी।

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